गणेश चतुर्थी — Ganesh Chaturthi: स्थापना, पूजा और विसर्जन विधि
Vighnaharta Ganesh ka parv — sthapana se visarjan tak poori vidhi.
गणेश चतुर्थी विघ्नहर्ता भगवान गणेश के जन्मोत्सव का पर्व है। भक्त 10 दिनों तक गणपति की प्रतिमा स्थापित कर पूजा करते हैं और अनंत चतुर्दशी पर विसर्जन करते हैं।
कबभाद्रपद शुक्ल चतुर्थी (अगस्त–सितंबर)
देवताभगवान गणेश
अवधि1½ / 3 / 5 / 10 दिन
स्थापना एवं पूजा विधि
- शुभ मुहूर्त में चौकी पर लाल वस्त्र बिछाकर गणेश प्रतिमा स्थापित करें।
- प्राण-प्रतिष्ठा कर जल, अक्षत, दूर्वा, सिंदूर व मोदक अर्पित करें।
- "ॐ गं गणपतये नमः" का जप कर गणेश चालीसा व आरती करें।
- नित्य दो बार पूजा व भोग लगाएँ (विशेषकर मोदक/लड्डू)।
- अंतिम दिन विधिपूर्वक विसर्जन कर "गणपति बप्पा मोरया" कहें।
॥ ॐ गं गणपतये नमः ॥ · वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न / FAQ
दूर्वा क्यों चढ़ाते हैं?
दूर्वा (दूब घास) गणेश जी को अत्यंत प्रिय है; 21 दूर्वा अर्पित करना विशेष फलदायी माना जाता है।
टिप्पणियाँ / Comments (0)
पहली टिप्पणी करें।